अशिष्टता (संज्ञा)
अशिष्ट होने की अवस्था या भाव।
उपहार (संज्ञा)
वह वस्तु जो किसी समारोह में या किसी से मिलने पर उसको भेंट स्वरूप दी जाती है।
कटहल (संज्ञा)
एक बड़े वृक्ष से प्राप्त विशाल फल जिसके ऊपर काँटे होते हैं।
सहोदर (संज्ञा)
एक ही माता-पिता से उत्पन्न पुरुष।
मुसीबत (संज्ञा)
किसी अनिष्ट घटना से उत्पन्न होने वाली ऐसी स्थिति जिसमें बड़ी हानि हो सकती हो।
करताल (संज्ञा)
लकड़ी का बना एक प्रकार का बाजा जो हाथ से बजाया जाता है।
सरकस (संज्ञा)
पशुओं और कलाबाजों आदि के द्वारा दिखाया जानेवाला कौशल या खेल।
जल (संज्ञा)
नदी, जलाशय, वर्षा आदि से मिलने वाला वह द्रव पदार्थ जो पीने, नहाने, खेत आदि सींचने के काम आता है।
हंस (संज्ञा)
बत्तख की तरह का एक जलपक्षी।
सीमा-प्रान्त (संज्ञा)
* सीमारेखा या सीमा से लगा हुआ भीतरी क्षेत्र।